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IPC 341 - News - आईपीसी की धारा 341 - समाचार - Hindi

भारतीय दंड संहिता के अध्याय 16 में मानव शरीर पर प्रभाव डालने वाले अपराधों को बताया गया है। इसी अध्याय में धारा 339 आईपीसी में मानव पर गलत ढंग से अंकुश या अवरोध लगाने के अपराध को परिभाषित किया गया है और धारा 341 में इस अपराध के लिए दण्ड का प्रावधान किया गया है । भारत का संविधान और मौलिक अधिकार भारत में किसी भी व्यक्ति को स्वतंत्र रूप से रहने, खाने, घूमने की आजादी प्रधान करता है और इसीलिए यदि कोई व्यक्ति जो कहीं भी जाने का अधिकार रखता है को, कोई व्यक्ति स्वेच्छा से गलत ढंग से रोकता है तो वह भारतीय दंड संहिता के धारा 339 में परिभाषित अपराध का अनुमोदन करता है। परन्तु किसी भूमि या जल का वह हिस्सा जो किसी की व्यक्तिगत सम्पति है और उसके विधिपूर्ण अधिकार में है तो उस सम्पति पर या बने मार्ग पर बाधा डालने पर यह अपराध की परिभाषा में नहीं आएगा।
सदोष अवरोध के लिए मुख्य घटक :
1. किसी व्यक्ति के लिए स्वैच्छिक रुकावट खड़ी करना।
2. रुकावट उस दिशा के लिए उतपन्न की गई हो जिस दिशा में उस व्यक्ति को जाने का विधिवत अधिकार है।
कब कब प्रयोग में आती है धारा 341 : आईपीसी की यह धारा अधिकतर आपराधिक मामलों में, दूसरी धाराओं के साथ में लगाई जाती है क्योंकि जब भी रास्ते में कोई अपराध होगा तो अपराधी पहले पीड़ित को अवरोधित करेगा तब अपराध करेगा। इस धारा का अधिकतर प्रयोग छेड़छाड़, मार-पीट, छिना-झपटी इत्यादि मामलों में होता है। इस अपराध की प्रकृति को समझने के लिए हम कुछ समाचारों पर नजर डालते है।
हमारा उद्देश्य, अंकुश या अवरोध के मामलों से संबंधित समाचरों को प्रस्तुत कर उन घटनाओं को बताना है, जिनमे आईपीसी की धारा 341 का प्रयोग होता है। इन समाचरों को हमने कुछ प्रतिष्ठित समाचार वेबसाइटों से लिया है और इन वेबसाइट का हम तह दिल से आभार प्रकट करते है।
धारा 341 से जुड़े कुछ समाचार:
नशे में धुत पुलिस हैड कंस्टेबल ने एक व्यक्ति पर किया हमला
अमर उजाला, Updated Sat, 03 Mar 2018 11:16 PM IST

चौपाल। ड्यूटी के दौरान नशे में धुत एक पुलिस कांस्टेबल ने बाजार में वाहन खड़ा करने वाले व्यक्ति को डंडे से पीट दिया। इस हमले से घायल पीड़ित की शिकायत पर चौपाल थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी कांस्टेबल को सस्पेंड कर दिया है। उसका मेडिकल भी करवाया गया है।
जानकारी की अनुसार नरेंद्र पुत्र अनंत राम निवासी नगर पंचायत चौपाल वार्ड नंबर सात ने पुलिस थाना में शिकायत दर्ज करवाई है। शिकायत के अनुसार शुक्रवार को जब वह अपने भाई के साथ सड़क किनारे गाड़ी करने लगा तो पुलिस हैड कांस्टेबल रोहित कुमार डंडे के साथ उस पर टूट पड़ा। कांस्टेबल नशे में धुत था। मारपीट में उसे गंभीर चोटें आईं हैं। पुलिस ने शिकायत के आधार पर हैड कांस्टेबल के खिलाफ आईपीसी की धारा 341, 323, 427 के तहत मामला दर्ज कर दिया है। स्थानीय लोगों ने भी आरोपी पुलिस कर्मी के खिलाफ सरकार से उचित कार्रवाई की मांग की है। सोर्स:- अमर उजाला

दिल्लीः नॉर्थ ईस्ट की छात्राओं के साथ छेड़छाड़, विरोध करने पर पीटा
आजतक, नई दिल्ली, 19 फरवरी 2018, अपडेटेड 09:05 IST

दिल्ली में नॉर्थ ईस्ट की दो छात्राओं के साथ कार सवार कुछ लड़कों ने छेड़छाड़ की और विरोध करने पर उन लड़कियों की पिटाई कर दी. इस संबंध में पीड़ित छात्राओं की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
घटना दिल्ली के मुखर्जी नगर की है. जहां बीते शनिवार की देर रात नॉर्थ ईस्ट की दो छात्राओं के साथ कार सवार कुछ लड़कों ने छेड़छाड़ शुरू कर दी. जब दोनों छात्राओं ने इस बात का विरोध जताया तो लड़के मारपीट पर उतर आए।
पीड़ित छात्राओं ने इस संबंध में पुलिस को शिकायत करते हुए बताया कि कार सवार आरोपियों ने पहले उन पर भद्दी टिप्पणी की. उसके बाद दोनों छात्राओ के साथ छेड़छाड़ करने लगे. फिर विरोध करने पर मारपीट शुरू कर दी।
पुलिस ने दोनों लड़कियों की शिकायत पर आईपीसी की धारा 323, 341 और 354 के तहत मामला दर्ज किया है. अब पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है. अभी तक उनका कोई सुराग पुलिस के हाथ नहीं लगा है। सोर्स:- आजतक

सड़क पर छेड़छाड़ का आरोप NavBharattimes
नवभारत टाइम | Updated: Oct 24, 2017, 08:00AM IST
: पुलिस के मुताबिक, युवती परिवार के साथ निहाल विहार में रहती है। पिता प्राइवेट कंपनी में जॉब करते हैं। रविवार देर शाम वह घर से मार्केट सामान लेने आई थी। तभी रास्ते में पड़ोस में रहने वाले युवक ने उसका रास्ता रोककर हाथ पकड़ लिया। उसके बाद आरोप है कि छेड़छाड़ की। विरोध करने पर आरोपी ने युवती को मारने की धमकी दी। पुलिस ने बयान पर आईपीसी 323/341/354/506 के तहत केस दर्ज कर लिया है।

विकास बराला ने दायर की रिविजन पेटिशन NavBharattimes
नवभारत टाइम | Updated: Oct 29, 2017, 06:30AM IST:

विकास बराला और उसके साथी की तरफ से चंडीगढ़ जिला अदालत में रिविजन पेटिशन दायर की है। दोनों के खिलाफ आईपीसी की धारा 354 डी (पीछा करना), 341 (गलत तरीके से रोकना) और 365 व 511 (अपहरण का प्रयास) के तहत आरोप तय हुए थे।

बलात्कार मामला: तरुण तेजपाल के ख़िलाफ़ चार्जशीट BBC Hindi
17 फ़रवरी 2014 13:30 IST : बीबीसी हिंदी

तरुण तेजपाल को 30 नवंबर 2013 को गिरफ़्तार किया गया था. उन पर आईपीसी की धारा 341 (ग़लत तरीक़े से नियंत्रण), धारा 342 (ग़लत तरीक़े से बंधक बनाना), धारा 354-ए (किसी महिला के साथ यौन दुर्व्यवहार और शीलभंग की कोशिश), धारा 376 (बलात्कार) लगाई गई है.
ऊपर दिखाएं गए समाचारों में धारा 341 का प्रयोग भारतीय दंड संहिता की अन्य धाराओं के साथ हुआ है।
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